आगरा/प्रयागराज।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और रायबरेली से कांग्रेस सांसद राहुल गांधी द्वारा ‘इंडियन स्टेट’ से संबंधित दिए गए एक बयान का मामला अब इलाहाबाद हाईकोर्ट में गर्मा गया है।
संभल कोर्ट द्वारा राहुल गांधी को मिली राहत के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता को पूरक शपथ पत्र (Supplementary Affidavit) दाखिल करने का निर्देश दिया है।
क्या है पूरा मामला ?
यह विवाद राहुल गांधी के उस बयान से जुड़ा है जिसे याचिकाकर्ता सिमरन गुप्ता ने कथित तौर पर अपने संभल स्थित निवास पर टीवी के माध्यम से सुना था।
याची का दावा है कि यह बयान संज्ञेय अपराध की श्रेणी में आता है और इससे जनभावनाएं आहत हुई हैं।
निचली अदालत से हाईकोर्ट तक का सफर:
* 7 नवंबर 2025: संभल (चंदौसी) की अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश आरती फौजदार की अदालत ने सिमरन गुप्ता की निगरानी याचिका को ‘बलहीन’ मानते हुए खारिज कर दिया था और राहुल गांधी को राहत दी थी।
* याची का तर्क: सिमरन गुप्ता ने हाईकोर्ट में दलील दी कि यह मामला एमपी/एमएलए कोर्ट के क्षेत्राधिकार का था, लेकिन निचली अदालत ने इस पर सही ढंग से विचार न करके वैधानिक भूल की है।

* हाईकोर्ट की कार्यवाही: जस्टिस समित गोपाल की एकल पीठ ने मामले की सुनवाई की। अदालत ने याचिका को रिकॉर्ड पर लेते हुए याची को सप्लीमेंट्री एफिडेविट दाखिल करने का समय दिया है।
अगली सुनवाई 11 मार्च को:
अदालत अब इस मामले के तकनीकी और विधिक पहलुओं पर 11 मार्च को अगली सुनवाई करेगी। याची ने हाईकोर्ट से मांग की है कि चंदौसी की अपर जिला एवं सत्र न्यायालय द्वारा दिए गए फैसले को निरस्त किया जाए और मामले में उचित विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।
मामले का संक्षिप्त विवरण:
* याचिकाकर्ता: सिमरन गुप्ता
* प्रतिवादी: राहुल गांधी (सांसद एवं नेता प्रतिपक्ष)
* अदालत: इलाहाबाद हाईकोर्ट (जस्टिस समित गोपाल की बेंच)
* विवाद का केंद्र: ‘इंडियन स्टेट’ से जुड़ा बयान और कोर्ट का क्षेत्राधिकार।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Group Bulletin & Channel Bulletin
- गंगा में नाव पर मांसाहार पार्टी का मामला: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से मांगा जवाब - April 18, 2026
- डीएसपी तंजील अहमद हत्याकांड: दोषी रैयान की फांसी पर अब इलाहाबाद हाईकोर्ट की बड़ी बेंच करेगी फैसला - April 18, 2026
- अधिवक्ताओं पर अमर्यादित टिप्पणी का मामला: पूर्व डीजीपी प्रशांत कुमार को इलाहाबाद हाईकोर्ट का नोटिस - April 18, 2026







