आगरा/प्रयागराज।
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता मोहम्मद आजम खान की रामपुर स्थित जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़ा मामला एक बार फिर इलाहाबाद हाईकोर्ट पहुंच गया है।
रामपुर विकास प्राधिकरण द्वारा जारी किए गए ध्वस्तीकरण आदेश के खिलाफ मौलाना अली जौहर ट्रस्ट व अन्य की ओर से उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल की गई है।
इस मामले की सुनवाई इलाहाबाद हाईकोर्ट में बुधवार, 29 जुलाई को होगी।

याचिका में मुख्य रूप से अदालत से यह मांग की गई है कि रामपुर विकास प्राधिकरण के ध्वस्तीकरण आदेश पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई जाए, ताकि यूनिवर्सिटी के भवन को कोई नुकसान न पहुंचे।
वहीं दूसरी तरफ, रामपुर विकास प्राधिकरण ने किसी भी एकतरफा आदेश से बचने के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट में पहले ही कैविएट दाखिल कर दी है।
कैविएट दाखिल होने का सीधा अर्थ यह है कि अदालत याचिकाकर्ताओं की मांग पर कोई भी अंतरिम आदेश या स्टे देने से पहले प्राधिकरण का पक्ष भी अनिवार्य रूप से सुनेगी।
अब दोनों पक्षों की निगाहें 29 जुलाई को होने वाली अहम सुनवाई पर टिकी हैं।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Channel Bulletin & Group Bulletin
- इलाहाबाद हाईकोर्ट: फर्जी वसीयत और संपत्ति विवाद मामले में अभिनेता चंद्रचूड़ सिंह के चचेरे भाई की गिरफ्तारी पर रोक - September 12, 2026
- बिना अपमान के इरादे के केवल जातिसूचक शब्द का इस्तेमाल एससी-एसटी एक्ट के तहत अपराध नहीं – इलाहाबाद हाईकोर्ट - August 22, 2026
- राज्यपाल की समय से पहले रिहाई की शक्ति मनमानी नहीं, अदालत की अनुमति के बिना आदेश रद्द - August 18, 2026





