आगरा:
प्रतिष्ठित कंपनी में वाहन लगवाने और मोटा किराया दिलाने का झांसा देकर धोखाधड़ी करने के मामले में न्यायालय ने सख्त रुख अपनाया है।
सीजेएम माननीय मृत्युंजय श्रीवास्तव ने थाना एकता (आगरा) के थानाध्यक्ष को आरोपी पिता-पुत्र के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विवेचना करने के आदेश दिए हैं।
मामला क्या है ?
प्रार्थी हरभजन सिंह (निवासी मैनपुरी) ने अपने अधिवक्ता भारत सिंह के माध्यम से न्यायालय में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर आरोप लगाया कि उनके पुत्र को मोबाइल के जरिए जानकारी मिली थी कि बिसलेरी इंडिया लिमिटेड/ओरी कार चार पहिया वाहनों को किराए पर लेती है।
* अनुबंध (Agreement): 17 जून 2024 को फतेहाबाद रोड स्थित एक कार्यालय में कथित डायरेक्टर वरुण बंसल और उसके पिता योगेश बंसल ने प्रार्थी से मुलाकात की।
* धोखाधड़ी: आरोपियों ने ₹45,000/- प्रति माह किराए पर प्रार्थी की हुंडई क्रेटा (Creta) कार का एग्रीमेंट किया और वाहन अपने पास रख लिया।
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* विवाद: दो महीने तक किराया देने के बाद आरोपियों ने न तो किराया दिया और न ही कार वापस की। वापस मांगने पर आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी।
न्यायालय का हस्तक्षेप:
प्रार्थी के अधिवक्ता के तर्कों और प्रस्तुत साक्ष्यों का संज्ञान लेते हुए, सीजेएम कोर्ट ने इसे प्रथम दृष्टया अपराध का मामला माना।
न्यायालय ने थाना एकता को निर्देशित किया है कि:
* आरोपी योगेश बंसल एवं वरुण बंसल के विरुद्ध तत्काल प्राथमिकी (FIR) दर्ज की जाए।
* मामले की निष्पक्ष विवेचना कर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।
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मुख्य बिंदु (Quick Facts):
* आरोपी: योगेश बंसल एवं वरुण बंसल (निवासी कलाल खेरिया, आगरा)।
* आरोप: ₹45,000/- मासिक किराए का लालच देकर कार हड़पना और धमकी देना।
* न्यायालय: मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM), आगरा।
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