आगरा:
एक चेक डिसऑनर (Cheque Dishonour) के मामले में न्यायालय ने सख्त कदम उठाया है। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट-6 (ACJM-6) माननीय आतिफ सिद्दीकी ने आरोपी गौरव सारस्वत की संपत्ति कुर्क कर ₹1 लाख 10 हजार की धनराशि न्यायालय में जमा कराने का आदेश जिलाधिकारी (DM) को दिया है।
अंतरिम मुआवजे का अनुपालन न करने पर कार्रवाई:
यह मामला वादी उमेश सिंह बनाम आरोपी गौरव सारस्वत से संबंधित है। वादी उमेश सिंह ने आरोपी गौरव सारस्वत के विरुद्ध ₹5 लाख 50 हजार का चेक डिसऑनर होने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया था।
Also Read – हत्या और सबूत नष्ट करने के चार आरोपी ‘साक्ष्य के अभाव’ में बरी

वादी उमेश सिंह ने अपने अधिवक्ता राहुल गुप्ता के माध्यम से न्यायालय में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर आग्रह किया था कि मुकदमे के विचारण (Trial) में विलंब होने के कारण उन्हें अंतरिम राहत/प्रतिकर के तौर पर चेक की राशि का 20 प्रतिशत यानी ₹1 लाख 20 हजार रुपये दिलाया जाए।
न्यायालय ने वादी के इस आग्रह को स्वीकार करते हुए आरोपी गौरव सारस्वत को उक्त धनराशि अदा करने का आदेश दिया था।
DM को संपत्ति कुर्क करने का निर्देश:
चूंकि आरोपी गौरव सारस्वत ने न्यायालय के आदेश का अनुपालन नहीं किया, इसलिए ACJM-6 माननीय आतिफ सिद्दीकी ने सख्ती दिखाते हुए जिलाधिकारी को आदेश दिया है कि वे आरोपी गौरव सारस्वत की संपत्ति को कुर्क करें और ₹1 लाख 10 हजार की धनराशि न्यायालय में जमा कराना सुरक्षित करें।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Channel Bulletin & Group Bulletin




