आगरा ।
आगरा की एक अदालत ने चेक डिसऑनर (बाउंस) होने के मामले में गाजियाबाद के एक जूता कारोबारी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए उसे मुकदमे के विचारण के लिए तलब किया है।
अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (एसीएमज कोर्ट संख्या 10) माननीय मोहम्मद साजिद ने मामले की सुनवाई के बाद विपक्षी को अदालत में हाजिर होने के आदेश दिए हैं।
मामले के विवरण के अनुसार, थाना जगदीशपुरा क्षेत्र के गढ़ी भदौरिया निवासी तरुण कुमार (पुत्र रमेश चंद) ने अपने अधिवक्ता राजेश यादव के माध्यम से न्यायालय में एक परिवाद दायर किया था।
वादी का कहना है कि वह और आरोपी गिर्राज किशोर शर्मा (निवासी सेक्टर 4, वैशाली, गाजियाबाद) दोनों ही जूता व्यवसाय से जुड़े हैं, जिसके कारण उनके बीच अच्छी मित्रता थी।
Also Read – दुराचार का झूठा मुकदमा दर्ज कराने पर पीड़िता और उसके पति के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई के आदेश

इसी व्यापारिक और व्यक्तिगत संबंध के चलते विपक्षी गिर्राज किशोर ने वादी से तीन लाख रुपये उधार लिए थे।
उधार ली गई रकम को वापस करने के लिए जब वादी ने दो महीने बाद विपक्षी से संपर्क किया, तो आरोपी ने उसे तीन लाख रुपये का एक चेक सौंप दिया।
वादी ने जब इस चेक को भुगतान के लिए अपने बैंक में प्रस्तुत किया, तो वह चेक डिसऑनर (बाउंस) होकर वापस आ गया।
इसके बाद कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए न्यायालय की शरण ली गई। अदालत ने वादी के अधिवक्ता राजेश यादव के तर्कों और उपलब्ध दस्तावेजों को स्वीकार करते हुए आरोपी जूता कारोबारी गिर्राज किशोर शर्मा को समन जारी कर अदालत में तलब होने का आदेश दिया।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Group Bulletin & Channel Bulletin





1 thought on “चेक बाउंस मामले में गाजियाबाद का जूता कारोबारी आगरा अदालत में तलब”