आगरा:
अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ किसानों पर कथित अमर्यादित टिप्पणी मामले में स्पेशल कोर्ट एमपी एमएलए (MP/MLA) माननीय अनुज कुमार सिंह ने न्यू आगरा थाना पुलिस को एक बार फिर आदेश दिया है।
कोर्ट ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 225 के प्रावधानों के तहत दोनों पक्षों की ‘आख्या’ (रिपोर्ट) तलब की है और इसे 16 दिसंबर 2025 से पहले न्यायालय में प्रस्तुत करने को कहा है।
निगरानी न्यायालय के आदेश का अनुपालन:
कोर्ट ने रमाशंकर शर्मा एडवोकेट बनाम कंगना रनौत के मामले में यह आदेश जारी किया है। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि पत्रावली के अवलोकन से यह स्पष्ट है कि माननीय निगरानी न्यायालय (Revisional Court) ने निगरानी संख्या 461/25 में दिनांक 12.11.2025 को आदेश पारित करते हुए निचली अदालत द्वारा 6 मई 2025 को पारित आदेश को खारिज कर दिया था।

इसके साथ ही, निगरानी न्यायालय ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 225 के प्रावधानों का अनुपालन करने का निर्देश दिया था।
पुलिस को करना होगा अन्वेषण (जांच):
परिवादी (शिकायतकर्ता) ने विपक्षी कंगना रनौत पर किसानों के प्रति अमर्यादित टिप्पणी करने और उसे दैनिक समाचार पत्रों में प्रकाशित कराने का आरोप लगाया है।
यह भी उल्लेख किया गया है कि विपक्षी मंडी, हिमाचल प्रदेश की निवासी हैं।
न्याय हित में, माननीय निगरानी न्यायालय द्वारा पारित आदेश के आलोक में गुण-दोष के आधार पर आदेश करने से पहले, कोर्ट को प्रस्तुत परिवाद के कथनों के संबंध में BNSS की धारा 225 (1) (बी) के तहत अन्वेषण (जांच) कराना उचित प्रतीत हुआ है।
कोर्ट ने थाना अध्यक्ष न्यू आगरा को निर्देश दिया है कि वह इस मामले में धारा 225 (1) के तहत अन्वेषण करते हुए अपनी आख्या 15 दिन के अंदर न्यायालय में प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें।
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