आगरा ४ जुलाई ।
घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम के तहत एक महत्वपूर्ण फैसले में, जलेसर, एटा निवासी एक महिला को अदालत ने अपने पति से प्रतिकर और मासिक गुजारा भत्ता दिलाने का आदेश दिया है।
मामले के अनुसार, पीड़िता की शादी वर्ष 2019 में देवरी रोड, थाना सदर निवासी युवक से हुई थी। पारिवारिक विवाद बढ़ने पर, महिला ने अपनी अधिवक्ता बबिता शर्मा के माध्यम से अपने पति और ससुरालजनों के खिलाफ घरेलू हिंसा अधिनियम की धारा 12 के तहत अदालत में मुकदमा दायर किया।
Also Read – चंद्रशेखर आज़ाद की याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई टली, अब 16 जुलाई को होगी अगली सुनवाई
अदालत ने मामले की सुनवाई करते हुए पति को आदेश दिया कि वह पीड़िता के साथ किसी भी प्रकार की घरेलू हिंसा नहीं करेगा।
इसके अतिरिक्त, अदालत ने पति को किराये पर रहने के लिए तीन हजार रुपये, भरण-पोषण के लिए दस हजार रुपये प्रतिमाह अदा करने का निर्देश दिया है।
साथ ही, एकमुश्त पचास हजार रुपये बतौर प्रतिकर (क्षतिपूर्ति) के रूप में भी पीड़िता को दिए जाएंगे।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Channel Bulletin & Group Bulletin- विद्युत चोरी के मामले में साक्ष्य और गवाहों के अभाव पर अदालत ने 18 वर्ष बाद आरोपी को किया बरी, विभाग व पुलिस की लापरवाही उजागर - September 17, 2026
- केबल पर अवैध रूप से गदर फिल्म दिखाने के आरोपी को 25 वर्ष बाद मिली सजा, अदालत ने सुनाई डेढ़ वर्ष की कैद - September 17, 2026
- फ्री लुक पीरियड में पॉलिसी सरेंडर करने के बावजूद प्रीमियम हड़पने पर उपभोक्ता आयोग प्रथम सख्त,मैक्स लाइफ और एक्सिस बैंक पर हर्जाना व ब्याज आरोपित - September 17, 2026




