आगरा:
दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट जैसे गंभीर मामले की विवेचना पूरी होने के बाद भी, वर्तमान में फिरोजाबाद के जसराना थानाध्यक्ष शेर सिंह के लंबे समय से अदालत में गवाही के लिए हाजिर न होने पर कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है।
विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट माननीय सोनिका चौधरी ने थानाध्यक्ष शेर सिंह का वेतन रोकने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक फिरोजाबाद को आदेश दिए हैं।
मामला और कोर्ट का एक्शन:
यह मामला विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट माननीय सोनिका चौधरी की अदालत में ‘राज्य बनाम राजेश’ (धारा 376(3) एवं पॉक्सो एक्ट, थाना बसई अरेला, आगरा) से संबंधित है। यह मुकदमा वर्ष 2021 में दर्ज हुआ था, जिसकी विवेचना उस समय बसई अरेला थाने में तैनात शेर सिंह ने की थी।
Also Read – दहेज हत्या के मामले में पति को 8 वर्ष की कैद, ₹7000/- का जुर्माना

थानाध्यक्ष शेर सिंह के अलावा इस मामले में अन्य सभी गवाहों की गवाही दर्ज हो चुकी है, लेकिन उनकी गवाही के लिए मुकदमा लंबे समय से लंबित है।
अदालत द्वारा बार-बार प्रतिकूल आदेश पारित करने के बावजूद, आगरा से मात्र एक घंटे की दूरी पर तैनात थानाध्यक्ष शेर सिंह गवाही के लिए हाजिर नहीं हो रहे थे।
अदालत का सख्त निर्देश:
इस पर सख्ती दिखाते हुए, विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ने विवेचक रहे शेर सिंह के विरुद्ध गैर जमानतीय वारंट (NBW) और धारा 350 दप्रस (CRPC) के तहत नोटिस जारी किए।
न्यायाधीश ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक फिरोजाबाद को निर्देश दिए हैं कि:
* वह थानाध्यक्ष शेर सिंह की 14 अक्टूबर को जनपद न्यायालय फिरोजाबाद में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थिति सुनिश्चित करें।
* अदालत द्वारा पारित अग्रिम आदेश तक थानाध्यक्ष शेर सिंह का वेतन आहरित (निकाला) न किया जाए।अदालत ने कहा कि विवेचक की अनुपस्थिति के कारण न्याय में अनावश्यक विलंब हो रहा है।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Channel Bulletin & Group Bulletin
- बीमा अनुबंधों में पारदर्शिता अनिवार्य: आगरा उपभोक्ता आयोग प्रथम ने खारिज किए 27 लाख के सात संदिग्ध दावे - July 31, 2026
- शासकीय कार्य में बाधा और पुलिस से अभद्रता के आरोपी की जमानत मंजूर, अदालत ने दिए रिहाई के आदेश - July 30, 2026
- पुलिस दल पर हमले के आरोपी की जमानत मंजूर, जिला जज ने दिए रिहाई के आदेश - July 30, 2026




