आगरा २९ मई ।
जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग प्रथम के अध्यक्ष माननीय सर्वेश कुमार ने लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (एलआईसी) को एक महत्वपूर्ण आदेश दिया है।
आयोग ने एलआईसी को रोहित अग्रवाल को ₹18.50 लाख, 7 सितंबर, 2020 से 6% वार्षिक ब्याज के साथ अदा करने का निर्देश दिया है। इसके अतिरिक्त, एलआईसी को मानसिक पीड़ा और मुकदमेबाजी के खर्च के रूप में ₹60,000/- का भुगतान भी करना होगा।
यह मामला रोहित अग्रवाल पुत्र राजेश अग्रवाल, निवासी अपर्णा पंचशील अपार्टमेंट, बोदला रोड, आगरा द्वारा दायर किया गया था। उन्होंने अपने अधिवक्ता नरेश शर्मा के माध्यम से 7 सितंबर, 2020 को जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग प्रथम में शिकायत दर्ज कराई थी।
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शिकायत के अनुसार, रोहित अग्रवाल की माँ, श्रीमती सुनीता अग्रवाल ने 28 नवंबर, 2018 को एलआईसी एजेंट अभिषेक शर्मा से एक जीवन बीमा पॉलिसी ली थी। इस पॉलिसी में रोहित अग्रवाल को नामित किया गया था, और इसका बीमा मूल्य ₹18.50 लाख था। दुर्भाग्यवश, 15 नवंबर, 2019 को श्रीमती सुनीता अग्रवाल का कैंसर की बीमारी के कारण निधन हो गया।
रोहित अग्रवाल ने सभी आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद एलआईसी के समक्ष दावा प्रस्तुत किया। हालाँकि, एलआईसी ने पूर्व बीमारी छिपाने का हवाला देते हुए 15 जुलाई, 2020 को उनके दावे को खारिज कर दिया।
इस पर, रोहित अग्रवाल ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग प्रथम में मुकदमा दायर किया। आयोग के अध्यक्ष माननीय सर्वेश कुमार ने मामले की सुनवाई के बाद यह आदेश पारित किया।
आदेश में कहा गया है कि एलआईसी को आदेश पारित होने की तारीख से 45 दिनों के भीतर रोहित अग्रवाल को मुकदमे की तारीख (7 सितंबर, 2020) से 6% वार्षिक ब्याज सहित ₹18.50 लाख का भुगतान करना होगा। साथ ही, मानसिक कष्ट और वाद व्यय के लिए अतिरिक्त ₹60,000/- भी देने होंगे।
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