ससुर और सास को तीन साल की सजा
आगरा 18 सितंबर।
दहेज की खातिर विवाहिता की हत्या करने के एक मामले में आरोपी पति को दोषी पाया गया है।
विशेष न्यायाधीश (ई०सी० एक्ट) / अपर सत्र न्यायाधीश, न्यायालय संख्या-04 माननीय दिनेश तिवारी ने आरोपी पति विपिन को सात साल के कारावास और 34 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। वहीं दहेज उत्पीड़न के आरोप में आरोपी ससुर मनोहर और सास सावित्री को तीन साल के कारावास और 24-24 हजार रुपये अर्थदण्ड से दण्डित किया है। आरोपीगण नगला हीरामन थाना कागारौल निवासी हैं।

थाना कागारौल में दर्ज मामले के अनुसार वादी मुकदमा की पुत्री श्रीमती अनिता की शादी आरोपी विपिन पुत्र मनोहर निवासी नगला हीरामन, थाना कागारौल, जिला आगरा के साथ 27 नवम्बर 2015 को हुई थी।
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वादी की तहरीर पर पुलिस ने दहेज हत्या एवं दहेज प्रतिषेध अधिनियम के तहत आरोपियों कें विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस ने विवेचना के बाद मामले में आरोपपत्र दाखिल किया। पुलिस ने मामला साबित करने के लिए आठ गवाहों के बयान दर्ज कराए।
आरोपियों की ओर से कहा गया कि मृतका द्वारा स्वंय फांसी लगाई गई है। वे गरीब व्यक्ति हैं। अभियोजन की ओर से अपर जिला शासकीय अधिवक्ता (दाण्डिक) मंगल सिंह उपाध्याय ने तर्क दिए कि वादी की पुत्री से दहेज की मांग को लेकर उसके साथ मारपीट और क्रूरतापूर्ण व्यवहार किया गया। आरोपी पति द्वारा दहेज मृत्यु कारित की गई है।
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वहीं दहेज उत्पीड़न के आरोप में आरोपी ससुर मनोहर और सास सावित्री को तीन साल के कारावास और 24-24 हजार रुपये अर्थदण्ड से दण्डित किया है।
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