आगरा: ५ अगस्त ।
डॉ. बी.आर. अंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा की कुलपति और 9 अन्य अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के मामले में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) ने उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव से 8 सितंबर तक आख्या तलब की है।
अधिवक्ता डॉ. अरुण कुमार दीक्षित ने कुलपति श्रीमती आशु रानी सहित 9 लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 198 और 356 के तहत मुकदमा दर्ज कराने के लिए सीजेएम कोर्ट में एक याचिका दायर की थी। इस याचिका में 6 जून 2025 को हुई विश्वविद्यालय की कार्य परिषद की बैठक में शामिल सदस्यों को भी आरोपी बनाया गया है।
Also Read – आगरा में पूर्व सैनिकों के लिए लीगल एड क्लीनिक का उद्घाटन

सीजेएम ने 9 जुलाई 2025 को मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश को बीएनएस की धारा 223(2) के प्रावधानों के तहत मामले से संबंधित स्थिति पर अपनी रिपोर्ट पेश करने का आदेश दिया था।
हालाँकि, मुख्य सचिव द्वारा आख्या नहीं भेजी गई। इसे घोर आपत्तिजनक मानते हुए, सीजेएम ने एक बार फिर मुख्य सचिव को 8 सितंबर 2025 तक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Channel Bulletin & Group Bulletin- केनरा बैंक द्वारा ओटीएस लाभ देने से इंकार करने पर इलाहाबाद हाईकोर्ट सख्त, बैंक की दंडात्मक कार्रवाई पर लगाई रोक - May 15, 2026
- आगरा उपभोक्ता आयोग प्रथम ने दूसरे के बिजली बिल की वसूली के लिए टोरेंट पॉवर द्वारा भेजे गए नोटिस को अवैध ठहराते हुए किया निरस्त - May 15, 2026
- विद्युत स्कूटर की मरम्मत न करना सेवा में कमी, आगरा उपभोक्ता आयोग प्रथम ने दिया नई स्कूटी या राशि वापसी का आदेश - May 15, 2026




