कोर्ट ने सरकार से भीड़ प्रबंधन पर मांगा सुझाव
कोर्ट ने कहा हटाये गये अतिक्रमण की स्टेटस रिपोर्ट सहित ब्योरा दिया जाय
अगली सुनवाई 6 जनवरी को
आगरा /प्रयागराज 05 दिसंबर ।
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से पिछले साल कृष्ण जन्माष्टमी, कार्तिक पूर्णिमा, हरियाली तीज, व होली के अवसर पर वृंदावन स्थित बांकेबिहारी मंदिर में दर्शन पूजन के लिए आए श्रद्धालुओं का डाटा मांगा है। साथ ही भीड़ प्रबंधन पर सरकार से सुझाव भी मांगे हैं।
यह भी बताने के लिए कहा है कि अतिक्रमण हटाए जाने के बाद यहां किस तरह भीड़ नियंत्रण में मदद मिली है। बांकेबिहारी गलियारा (कारिडोर) को लेकर दायर अनंत शर्मा की जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा तथा न्यायमूर्ति सैयद कमर हसन रिजवी की खंडपीठ ने यह निर्देश दिया।
सुनवाई की अगली तारीख छह जनवरी नियत कर दी।

सेवायतों के अधिवक्ता संजय गोस्वामी ने बताया कि कोर्ट ने यह जानना चाहा है कि भीड़ प्रबंधन कैसे किया जा रहा है ?
सेवायतों की तरफ से जनहित याचिका की ग्राह्यता पर सवाल उठाया गया था।
कोर्ट में इससे पहले बिना नोटिस ध्वस्तीकरण पर आपत्ति की गई थी। जिसपर मुख्य स्थाई अधिवक्ता ने बताया कि नालों का अतिक्रमण नियमानुसार नोटिस देकर हटाया गया है। सितंबर माह में कोर्ट ने अतिक्रमण के मामले में सरकार को सर्वे करने का आदेश दिया था।
Also Read – कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर पर आगरा की एक अदालत में आपराधिक मानहानि का केस दायर
अपर महाधिवक्ता ने 15अक्टूबर 24 को बताया था कि 81 अतिक्रमण चिन्हित किए गए हैं। मुख्य स्थाई अधिवक्ता कुणाल रवि ने कहा अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जा रही है।
भीड़ प्रबंधन के मामले में कोर्ट ने सड़क व खाली जगह के स्टेटस की जानकारी मांगी है। जितने अतिक्रमण हटाये गये है हलफनामा दाखिल कर बताया जाय। कोर्ट ने सरकार से अन्य संस्थाओं से परामर्श भी लेने को कहा है।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Group Bulletin & Channel Bulletin- प्रयागराज दालमंडी मार्ग चौड़ीकरण: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने नगर निगम के ध्वस्तीकरण नोटिस पर लगाई रोक, यथास्थिति बनाए रखने का दिया आदेश - June 13, 2026
- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अधिवक्ता जागृति शुक्ला मौत मामले में दिए न्यायिक जांच के आदेश, डॉक्टरों और वकीलों को हड़ताल खत्म करने के निर्देश - June 13, 2026
- बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका की पोषणीयता पर इलाहाबाद हाईकोर्ट में बहस, कोर्ट ने जवाब दाखिल करने के लिए दिया चार सप्ताह का समय - June 13, 2026




