आगरा:
ए.पी. ज्वैलर्स के संचालक से करीब 18 लाख रुपये से अधिक की ठगी के मामले में आरोपी पूर्व जीएसटी (GST) आयुक्त कुमोद माथुर, उनकी पुत्री अंकिता माथुर और दामाद पुनीत माथुर को न्यायालय से बड़ी राहत मिली है। जिला जज ने तीनों आरोपियों के अग्रिम जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार करते हुए रिहाई के आदेश जारी किए हैं।
जानिये क्या था मामला?
मामला आगरा के थाना हरीपर्वत में दर्ज कराया गया था। ए.पी. ज्वैलर्स के संचालक योगेश कुमार अग्रवाल के अनुसार, 19 नवंबर 2025 को पूर्व जीएसटी आयुक्त कुमोद माथुर ने अपने मित्र ब्रज मोहन तपड़िया के माध्यम से ज्वैलरी खरीदने की इच्छा जताई थी।
उन्होंने बताया था कि खरीददारी के लिए उनके पुत्र, पुत्री और दामाद शोरूम आएंगे।उन्होंने आरोप लगाया था कि 20 नवंबर 2025 को पूर्व आयुक्त का पुत्र अभिषेक माथुर शोरूम पहुंचा और 18,19,700/- रुपये मूल्य की सोने की पांच चैन पसंद कीं।उन्होंने भुगतान के बदले उसने पीएनबी (PNB) दयाल बाग शाखा का चेक दिया, जिस पर पिता (पूर्व आयुक्त) के हस्ताक्षर थे।
लेकिन वह चेक बैंक में डिसऑनर (बाउंस) हो गया। भुगतान मांगने पर जब आरोपी टालमटोल करने लगे, तब वादी ने मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस इस मामले में मुख्य आरोपी अभिषेक माथुर को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है।
Also Read – बेटे में दिखता था ‘रावण’, तंत्र-मंत्र के चक्कर में हत्या करने वाले पिता को उम्रकैद

अदालत में बचाव पक्ष के तर्क:
आरोपियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता विराट कृष्ण सक्सेना ने न्यायालय में दलील दी कि कुमोद माथुर, उनकी पुत्री और दामाद को इस मामले में केवल दबाव बनाने के लिए झूठा फंसाया गया है। सह-अभियुक्त अभिषेक माथुर लंबे समय से परिवार से अलग रह रहा है।
मामले में जिस चेक का जिक्र किया गया है, वह अभिषेक के खाते का है और उसने उस पर अपने पिता के फर्जी हस्ताक्षर किए थे। इस घटना में पूर्व आयुक्त या उनके परिवार के अन्य सदस्यों की कोई सीधी भूमिका नहीं है।
न्यायालय का निर्णय:
जिला जज माननीय संजय कुमार मलिक ने दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने और मामले के तथ्यों पर विचार करने के बाद पूर्व आयुक्त कुमोद माथुर, अंकिता माथुर और पुनीत माथुर (निवासीगण सेक्टर 43, ग्रीन फील्ड कॉलोनी, फरीदाबाद) की अग्रिम जमानत स्वीकृत कर ली।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Group Bulletin & Channel Bulletin
- भगवान श्रीकृष्ण पर विवादित टिप्पणी को लेकर धीरेंद्र शास्त्री के खिलाफ आगरा न्यायालय में आपराधिक मानहानि का मुकदमा दर्ज - November 4, 2026
- आगरा उपभोक्ता आयोग प्रथम का इंडियन बैंक पर कड़ा प्रहार: पीपीएफ खातों से अवैध कटौती पर ग्राहकों के पक्ष में सुनाया फैसला - November 4, 2026
- सांसद कंगना रनौत के खिलाफ ‘गटर जनरेशन’ टिप्पणी मामले में रिवीजन याचिका निरस्त, अदालत ने कहा- परिवादी को विधिक अधिकार नहीं - November 3, 2026




