साक्ष्य के अभाव में पंच रतन अपार्टमेंट के स्वामी बरी
आगरा:
देहली गेट स्थित पंच रतन अपार्टमेंट में अग्नि सुरक्षा के पर्याप्त उपाय न करने के मामले में 19 वर्ष तक चले विचारण के बाद मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) मृत्युंजय श्रीवास्तव ने अपार्टमेंट की निर्मात्री श्रीमती अर्चना कौशल और उनके पार्टनर श्री भगवान शर्मा को साक्ष्य के अभाव में दोष मुक्त कर दिया है।
क्या था मामला ?
* परिवादकर्ता: अग्नि शमन विभाग के अनुश्रवण अधिकारी शिव दयाल शर्मा।
* परिवाद: शिव दयाल शर्मा ने वर्ष 2006 में अदालत में एक परिवाद पत्र प्रस्तुत किया था।
* आरोप: परिवाद में आरोप लगाया गया था कि देहली गेट स्थित पंच रतन अपार्टमेंट के निर्माण के उपरांत, निर्मात्री श्रीमती अर्चना कौशल और उनके पार्टनर श्री भगवान शर्मा ने उत्तर प्रदेश अग्नि निवारण एवं अग्नि सुरक्षा अधिनियम 2005 की धारा 11, 12, एवं 13 के तहत निर्धारित अग्नि सुरक्षा के उपाय नहीं किए थे।
Also Read – पुलिस की आँख में मिर्च डालकर फरार हुए बंदी लाला उर्फ असलम को मिली सशर्त जमानत

19 साल बाद फैसला:
करीब 19 वर्ष तक चले इस मामले के विचारण के उपरांत, सीजेएम माननीय मृत्युंजय श्रीवास्तव ने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन किया।
* अदालत ने श्रीमती अर्चना कौशल और श्री भगवान शर्मा द्वारा मुकदमे के पूर्व ही अग्नि सुरक्षा के संबंध में सभी विधिक कार्यवाहियाँ पूर्ण करने से संबंधित अभिलेखों पर भी विचार किया।
* उनके अधिवक्ता संजय गुप्ता के तर्कों पर सहमत होते हुए, सीजेएम ने दोनों आरोपितों को साक्ष्य के अभाव में दोष मुक्त करने का आदेश दिया।
Stay Updated With Latest News Join Our WhatsApp – Group Bulletin & Channel Bulletin
- किरावली में ‘प्री मेगा शिविर’ का आयोजन: योजनाओं की मिली जानकारी, पुष्टाहार का हुआ वितरण - February 4, 2026
- किराये के विवाद में पथराव और मारपीट के आरोपी 30 साल बाद बरी - February 4, 2026
- मकान बेचने के नाम पर धोखाधड़ी: चेक बाउंस होने पर आरोपी कोर्ट में तल - February 4, 2026








1 thought on “अग्नि सुरक्षा अधिनियम मामले में 19 वर्ष बाद दो आरोपी दोष मुक्त”